Monday, March 22, 2021

हिमाचल में जल शक्ति उपमंडलों में बनेंगे जल संरक्षण ढांचे

 On March 22, 2021

मुख्यमंत्री श्री जयराम ठाकुर ने जल दिवस के मौके पर की घोषणा

जल की गुणवत्ता जांचने और जल स्त्रोतों की सफाई के लिए चलाए जाएंगे विशेष अभियान


शिमला: 22 मार्च 2021: (देवभूमि स्क्रीन ब्यूरो)::

विश्व जल दिवस के अवसर पर प्रधानमंत्री श्री नरेंद्र मोदी जी ने आज नई दिल्ली से वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के माध्यम से जल शक्ति अभियान कैच द रेन का शुभारंभ किया। उन्होंने कहा कि यह अभियान ‘‘कैच द रेन, व्हेयर इट फॉल्स, वेन इट फॉल्स’’ विषय के अंतर्गत देश के सभी ग्रामीण एवं शहरी क्षेत्रों में चलाया जाएगा। अभियान को 22 मार्च, 2021 से 30 नवम्बर, 2021 तक चलाया जाएगा। इस जन अभियान के अंतर्गत जन सहभागिता सुनिश्चित कर उन्हें जल संग्रहण के लिए प्रेरित किया जाएगा।

जल नमूनों की प्रयोगशाला में की जाएगी जांच

मुख्यमंत्री श्री जयराम ठाकुर जी ने जिला मंडी के सराज विधानसभा क्षेत्र के अंतर्गत जंजैहली के निकट कुठाह मैदान में आयोजित राज्यस्तरीय जल दिवस की अध्यक्षता की। उन्होंने प्रदेश के पूर्ण राज्यत्व के स्वर्ण जयंती वर्ष के अवसर पर राज्य के सभी जल शक्ति उपमंडलों में वर्षा जल संग्रहण और जल संरक्षण के लिए कम से कम एक जल संरक्षण ढांचे के निर्माण की घोषणा की। मुख्यमंत्री जी ने कहा कि प्रदेश सरकार ने यह निर्णय प्रधानमंत्री श्री नरेंद्र मोदी जी के जल संरक्षण और वर्षा जल संग्रहण के संकल्प को पूरा करने के उद्देश्य से लिया है। उन्होंने प्रदेश के निर्वाचित प्रतिनिधियों से जल संरक्षण और वर्षा जल संग्रहण की दिशा में कार्य करने का आह्वान किया। प्रदेश में जल की गुणवत्ता जांचने के लिए जून माह के पहले पखवाड़े में एक विशेष अभियान चलाया जाएगा जिसके अंतर्गत गांवों, स्कूलों और आंगनबाड़ी केंद्रों के जल के नमूनों की जांच प्रयोगशाला में की जाएगी।

जल स्त्रोतों को संवारने के लिए चलाया जाएगा विशेष अभियान

मुख्यमंत्री श्री जयराम ठाकुर जी ने कहा कि गांधी जयंती के अवसर पर 2 अक्तूबर से 31 अक्तूबर तक सभी जल स्त्रोतों की सफाई के लिए अभियान चलाया जाएगा जिसका उद्देश्य जल गुणवत्ता और जल संरक्षण को एक जन अभियान बनाना है। जल शक्ति विभाग द्वारा 25 जनवरी, 2021 जल गुणवत्ता और संरक्षण के लिए विभिन्न कार्यक्रम आयोजित किए जा रहे हैं जो 24 जनवरी, 2022 तक जारी रहेंगे। उन्होंने कहा कि प्रदेश की सभी 3615 पंचायतों में विशेष ग्राम सभाएं आयोजित कर गांवों के लिए कार्य योजना तैयार की जाएगी और गांव जल व सफाई समितियां गठित की जाएंगी। उन्होंने कहा कि वर्तमान सरकार ने जब सत्ता संभाली थी, उस समय शिमला शहर जल की गंभीर समस्या से जूझ रहा था। सरकार ने शिमला शहर के लिए 80 करोड़ रुपये की जल आपूर्ति योजना के निर्माण का निर्णय लिया जिसे एक वर्ष के भीतर पूरा कर लिया गया।

उत्कृष्ट कार्यों के लिए स्व. रामस्वरूप शर्मा जी को सदैव किया जाएगा स्मरण

मुख्यमंत्री श्री जयराम ठाकुर जी ने कहा कि प्रदेश और विशेषकर मंडी के लोग स्वर्गीय रामस्वरूप शर्मा जी को याद रखेंगे जिन्होंने सांसद के रूप में अपने कार्यकाल के दौरान क्षेत्र के लोगों की विकासात्मक मांगों और आकांक्षाओं को सदैव महत्व दिया। उन्होंने वर्तमान प्रदेश सरकार को भरपूर सहयोग प्रदान करने के लिए क्षेत्र के लोगों का आभार व्यक्त किया। उन्होंने कहा कि यह क्षेत्र के लोगों की उदारता है कि भाजपा ने हाल ही में हुए सभी चुनावों और उप-चुनावों में जीत दर्ज की है। प्रदेश सरकार जंजैहली को राज्य के एक महत्वपूर्ण पर्यटन गंतव्य के रूप में विकसित करने के लिए प्रतिबद्ध है।

एचपी वाटर बिल्ज मोबाईल ऐप का शुभारंभ

मुख्यमंत्री श्री जयराम ठाकुर जी ने कहा कि प्रदेश सरकार ने राज्य के लोगों के कल्याण के लिए कई योजनाएं शुरू की हैं। प्रदेश सरकार ने 65 से 69 आयु वर्ग की सभी वृद्ध महिलाओं को 1000 रुपये वृद्धावस्था पेंशन देने का निर्णय लिया है। गरीब परिवारोें की बेटियों के विवाह के समय 31 हजार शगुन प्रदान करने के लिए शगुन योजना की शुरूआत की गई है। मुख्यमंत्री जी ने इस दौरान राज्य जल शक्ति विभाग के एचपी वाटर बिल्ज मोबाईल ऐप का भी शुभारम्भ किया जिसके माध्यम से लोग अपने फोन से पानी के बिलों का भुगतान कर सकेंगे। यह ऐप राज्य एनआईसी द्वारा विकसित की गई है और उपभोक्ताओं को डेबिट कार्ड, क्रेडिट कार्ड और यूपीआई इत्यादि के माध्यम से बिल का भुगतान करने में सहायक सिद्ध होगी। यह ऐप 1 मई, 2021 से प्रदेश के लगभग 13.5 लाख उपभोक्ताओं को सुविधा प्रदान करेगी। उन्होंने इस अवसर पर लोगों को जल संरक्षण के लिए जल शपथ भी दिलाई। इस अवसर पर वीडियो कान्फ्रेंसिंग के माध्यम से उन्होंने जल संरक्षण से संबंधित विभिन्न पंचायतों के प्रतिनिधियों और उपभोक्ताओं के साथ भी बातचीत की।

करोड़ों की लागत वाले विकास कार्यों के किए शुभारंभ

मुख्यमंत्री श्री जयराम ठाकुर जी ने जल शक्ति विभाग द्वारा आयोजित चित्रकला और नारा लेखन के विजेताओं को पुरस्कार वितरित तथा पंचायतों की महिला प्रतिनिधियों को जल परीक्षण किट वितरित किए। मुख्यमंत्री जी ने इस अवसर पर स्थानीय एनजीओ की ‘‘सराजी टी’’ भी लांच की। इसके पश्चात् मुख्यमंत्री ने 2.78 करोड़ रुपये की लागत से निर्मित लोक निर्माण विभाग सिराज के कार्यकारी अभियन्ता के कार्यालय भवन और राजकीय वरिष्ठ माध्यमिक पाठशाला जंजैहली में 2.50 करोड़ रुपये की लागत से निर्मित विज्ञान खण्ड का लोकार्पण किया। उन्होंने 4.22 करोड़ रुपये की लागत से निर्मित जंजैहली बस अड्डे का शिलान्यास भी किया। इस असवर पर मण्डी संसदीय क्षेत्र के सांसद स्व. राम स्वरूप जी के सम्मान में दो मिनट का मौन रखा गया।

प्रदेशवासियों के लिए वरदान सिद्ध हुआ जल जीवन मिशन

जल शक्ति मंत्री श्री महेन्द्र सिंह ठाकुर जी ने कहा कि जल संरक्षण के महत्व को रेखांकित करने के लिए विश्वभर में विश्व जल दिवस मनाया जा रहा है। जल संरक्षण और वर्षा जल संग्रहण सुनिश्चित करना हम सभी का कर्तव्य है। उन्होंने कहा कि मुख्यमंत्री श्री जयराम ठाकुर जी के नेतृत्व में प्रदेश सरकार हिमाचल का संतुलित और समग्र विकास सुनिश्चित बना रही है। आमतौर पर यह परंपरा रही है कि राजनीतिक दल अपनी सरकार के कार्यकाल के आखिर में विकास में तेजी लाते थे लेकिन श्री जयराम ठाकुर जी ने अपने कार्यकाल के पहले दिन से ही विकास को प्राथमिकता प्रदान की। उन्होंने कहा कि जल जीवन मिशन राज्य के लोगों के लिए वरदान सिद्ध हुआ है और राज्य सरकार ने इस मिशन में प्रगति की है। जल शक्ति विभाग के सचिव श्री विकास लाबरू ने धन्यवाद प्रस्ताव प्रस्तुत किया।

Sunday, March 21, 2021

आपातकाल के खिलाफ आवाज़ बुलंद करने वालों को किया सम्मानित

 Sunday: 21st March 2021

मुख्यमंत्री ने ऐसे लोगों को लोकतंत्र प्रहरियों के तौर पर दिया सम्मान 

आपातकाल में नरेंद्र मोदी और डा. सुब्रमण्यम स्वामी ने सिख वेश में अज्ञातवास रह कर संघर्ष किया उस वक़्त की तस्वीर भी इस कोलाज में शामिल है अन्य  लोकतंत्र प्रहरियों  का दृश्य 

शिमला: 21 मार्च 2021: (देवभूमि स्क्रीन ब्यूरो)::

आपातकाल का दौर एक ऐसा समय था जिसे अभी तक भूलाया नहीं जा सका। कलम पर सीधी पाबंदी थी जो नज़र भी आती थी। हर अख़बार को पूरी तरह जांच और दिखाने के बाद ही प्रकाशित किया जा सकता था। ऐसे में रोष स्वरूप अख़बारों ने सेंसर की गई जगह को खाली छोड़ देने का सिलसिला भी शुरू किया। खाली जगहों पर लिख दिया जाता था सेंसर की भेंट। बाद में सरकार ने अख़बार संचालकों को ऐसा करने से भी मना कर दिया। इस तरह की बहुत सी बंदिशों से देश का जनमानस गुस्से से भरता चला गया। परिणाम स्वरूप श्रीमति इंदिरा गाँधी को चुनावों में पराजय का मुँह देखना पड़ा। आपातकाल के दौर में सबसे बड़ा मोर्चा श्री दरबार साहिब अमृतसर से लगा जहां से हर रोज़ अकाली कार्यकर्ताओं का जत्था अरदास करता। जत्थे के सभी सदस्यों के गले में सम्मान स्वरूप हार डाले जाते और यह जत्था जैकारे लगाते हुए गरिफ्तारी देने निकलता था। गरिफ्तारियों का यह सिलसिला आपातकाल का समापन होने तक चला अर्थात 19 महीनों तक। सिख संगठनों का आरोप भी रहा कि जून-84 में ऑपरेशन ब्ल्यू स्टार और नवंबर-84 में सिखों का हत्याकांड जैसे कांग्रेस के एक्शन वास्तव में आपातकाल के खिलाफ लगे मोर्चे की खुंदक को ले कर सिख समुदाय से अपना गुस्सा निकालने वाले कदम ही थे। आपातकाल के खिलाफ चले मोर्चों में भाग लेने वालों को सम्मानित करने और आर्थिक मदद देने जैसे कदम पहले भी उठाए जाते रहे हैं लेकिन अब हिमाचल प्रदेश में इसे और वैधता प्रदान की गई है। 

मुख्यमंत्री श्री जयराम ठाकुर ने कहा कि आपातकाल स्वतंत्र भारत का एक महत्वपूर्ण हिस्सा है। जिन लोगों ने आपातकाल के खिलाफ आवाज उठाई और कड़ा संघर्ष किया उन्हें हमेशा याद रखा जाना चाहिए। यह बात आज मुख्यमंत्री ने आपातकाल के दौरान जेल गए व्यक्तियों द्वारा दिए गए योगदान को सम्मान देने के लिए राज्य सरकार द्वारा आयोजित लोकतंत्र प्रहरी सम्मान समारोह में कही। उन्होंने कहा कि आम तौर पर लोग कठिन समय को भूल जाते हैं लेकिन आपातकाल के समय को कभी नहीं भूलना चाहिए क्योंकि इस दौर से बहुत कुछ सीखने को मिला है। उन्होंने कहा कि आपातकाल हमारे इतिहास का एक महत्वपूर्ण हिस्सा है और युवाओं और भावी पीढ़ी को इससे परिचित होना चाहिए।

आपातकाल की चर्चा करते हुए मुख्यमंत्री श्री जयराम ठाकुर ने कहा कि जिन लोगों को आपातकाल के दौरान जेलों में बन्द किया गया था उन्हें सम्मानित करने के लिए हिमाचल प्रदेश सरकार ने वर्ष 2019 में लोकतंत्र प्रहरी सम्मान योजना शुरू करने का निर्णय लिया है। उन्होंने कहा कि 20 मार्च, 2021 को राज्य सरकार ने हिमाचल विधानसभा में हिमाचल प्रदेश लोकतंत्र प्रहरी बिल-2021 पास किया है। उन्होंने कहा कि इससे अब आपातकाल के दौरान राज्य के जो लोग जेल में गए थे उन्हें सम्मान राशि मिल सकेगी। उन्होंने कहा कि 25 जून, 1975 की आधी रात को आपातकाल लगाया गया था जो 21 मार्च, 1977 तक 21 माह तक रहा। हर व्यक्ति अपना-अपना कार्य कर रहा था और हालात सामान्य थे। कानून व्यवस्था की स्थिति नियंत्रण में थी और आपातकाल लगाने की कोई आवश्यकता नहीं थी। उन्होंने कहा किसी ने भी इसके बारे में सोचा नहीं था।  

उन्होंने इसका इतिहास भी बताया। मुख्यमंत्री श्री जयराम ठाकुर ने कहा कि इन्दिरा गांधी ने रायबरेली लोकसभा क्षेत्र से चुनाव लड़ा और भारी अन्तर से जीती, जिसे उच्च न्यायालय में चुनौती दी गई थी। इलाहाबाद उच्च न्यायालय ने इन्दिरा गांधी को चुनावी भ्रष्टाचार का दोषी पाया और रायबरेली लोकसभा क्षेत्र के चुनावी निर्णय को खारिज कर दिया और छः साल के लिए निर्वाचित पद पर रहने की रोक लगा दी। उन्होंने कहा कि इन्दिरा गांधी सत्ता छोड़ने के लिए तैयार नहीं थीं इसलिए आपातकाल लगाया गया था। उन्होंने कहा कि आपातकाल के दौरान सरकार ने आम लोगों को उनके मौलिक अधिकारों से वंचित कर दिया था और कोई भी व्यक्ति सरकार के खिलाफ आवाज नहीं उठा सकता था। बहुत से निर्दोष लोगों को बिना किसी कारण के जेल में डाल दिया गया। उन्होंने कहा कि समाचार पत्रों और अन्य मीडिया माध्यमों पर सेंसरशिप लगा दी गई थी।

आपातकाल के खिलाफ लड़ने वालों को लोकतंत्र के प्रहरी कह क्र भी नवाजा गया है। मुख्यमंत्री श्री जयराम ठाकुर जी ने कहा कि इस घटना को 45 वर्ष बीत गए हैं। उन्होंने कहा कि इस वर्ष 25 जनवरी, 2021 को राज्य ने भी अपने पूर्ण राज्यत्व के 50 वर्ष पूर्ण कर लिए हैं और पूर्ण राज्यत्व की स्वर्ण जयंती को यादगार बनाने के लिए राज्य सरकार ने प्रदेश में 51 कार्यक्रम आयोजित करने का निर्णय लिया है। उन्होंने कहा कि इन कार्यक्रमों को आयोजित करने का मुख्य उद्देश्य युवा पीढ़ी को हिमाचल प्रदेश की पिछले 50 वर्षों की विकास यात्रा के बारे में जागरूक करना है। राज्य ने विभिन्न क्षेत्रों में अत्यधिक प्रगति और विकास किया है। मुख्यमंत्री ने इस अवसर पर 81 लोकतंत्र प्रहरियों में से 66 लोकतंत्र प्रहरियों को सम्मानित किया हालांकि देश भर में इनकी संख्या बहुत बड़ी होगी। 

अन्य वक्ताओं ने भी उस वक़्त को याद दिलाया। लोकतंत्र प्रहरी समिति के अध्यक्ष एवं शहरी विकास मंत्री श्री सुरेश भारद्वाज जी ने आपातकाल को याद करते हुए कहा कि आपातकाल का समय लोकतंत्र के इतिहास में एक काला अध्याय है। उन्होंने आपातकाल की सम्पूर्ण पृष्ठ भूमि को उजागर किया और उस  दौरान संघ व उससे सम्बन्धित विभिन्न संगठनों द्वारा किए गए कार्यों की जानकारी दी। लोकतंत्र प्रहरी समिति के सदस्य श्री प्रवीण शर्मा जी ने इस अवसर पर मुख्यमंत्री व अन्य गणमान्यों का स्वागत किया। उन्होंने आपातकाल के दौरान जेल में बिताए गए अपने कठिन दिनों के अनुभव को भी सांझा किया। राष्ट्रीय गौरव समिति के सचिव श्री सुभाष जी ने भी इस अवसर पर अपने विचार रखे और आपातकाल के दौरान के अपने अनुभवों को सांझा किया। इस अवसर पर आपातकाल पर बनाए गए एक वृतचित्र को भी दिखाया गया।

लोकतंत्र प्रहरियों की सूची

जिला बिलासपुर

1.श्री नारायण सिंह स्वामी

गांव लंजता, तहसील घुमारवी, जिला बिलासपुर

2.श्री जय कुमार

रौड़ा सैक्टर, बिलासपुर, जिला बिलासपुर

3. स्व.श्री राजेन्द्र कुमार हांडा

रौड़ा सैक्टर, बिलासपुर, जिला बिलासपुर

4. श्री अच्छर सिंह

गांव पनोल, जिला बिलासपुर

5.श्री नरोतम दत्त शास्त्री

बिलासपुर, जिला बिलासपुर

जिला: चम्बा

1.श्री लखीणू

गांव मुकलैली, जिला चम्बा

2.श्री नोरध

गांव समैला, जिला चम्बा

3.श्री भानू

गांव बडैेटा, जिला चम्बा

4.श्री साहवणू

गांव वनोटू, जिला चम्बा

5.श्री जोतू राम

गांव बडैटा, जिला चम्बा

6.श्री देवदत्त

गांव हरिपुर, जिला चम्बा

7.श्री देश राज

गांव सरोल, जिला चम्बा

8.श्री नरेश चन्द मेहता

चम्बा, जिला चम्बा

9.स्व. श्री जय राम

गांव प्रेच्छा, जिला चम्बा

10.स्व. श्री हरू

गांव रजिण्डू, जिला चम्बा

11.स्व. श्री चन्दू

गांव रजिण्डू, जिला चम्बा

12.स्व. श्री सरवण कुमार

गांव टपर, जिला चम्बा

13.श्री सुदेश राज

चम्बा, जिला चम्बा

14.श्री शिवकर्ण

गांव मडोलू, जिला चम्बा

15.श्री जूमी

गांव खल्ला, जिला चम्बा

16.स्व. श्री टिभलू

गांव खल्ला, जिला चम्बा

17.स्व. श्री धर्म पाल

गांव परेल, जिला चम्बा

जिलाः हमीरपुर

1.स्व. श्री सुदर्शन जैन

नादौन, जिला हमीरपुर

2.श्री मुलक राज धीमान

गांव खोहर, जिला हमीरपुर

जिलाः कांगड़ा

1.श्री शांता कुमार, पूर्व मुख्यमंत्री

पालमपुर, जिला कांगड़ा

2.श्री सुनील मनोचा

धर्मशाला, जिला कांगड़ा

3.श्री अशोक कुमार

गांव अन्द्राणा, जिला कांगड़ा

4.श्री स्वराज कुमार बाली

पालमपुर, जिला कांगड़ा

5.स्व. श्री गुलशन कुमार

पालमपुर, जिला कांगड़ा

6.स्व. श्री मोहिन्द्र सिंह

गांव जण्डपुर, जिला कांगड़ा

7.श्री बलवीर सिंह राणा

गांव लखवाल, जिला कांगड़ा

8.श्री रोशन लाल धीमान

गांव दाड़ी, जिला कांगड़ा

9.श्री गोपी चन्द अग्रवाल

कांगड़ा, जिला कांगड़ा

10.स्व. कुलदीप सचदेवा

कांगड़ा, जिला कांगड़ा

11.श्री केदार नाथ बस्सी

कांगड़ा, जिला कांगड़ा

12.श्री नरेन्द्र नाथ

नगरोटा-बगवां, जिला कांगड़ा

13.श्री कमल किशोर

शाहपुर, जिला कांगड़ा

14.श्री राजेन्द्र अग्रवाल

धर्मशाला, जिला कांगड़ा

15.श्री राकेश भारती

शाहपुर, जिला कांगड़ा

16.वसन्त कुमार सूद

धर्मशाला, जिला कांगड़ा

जिलाः कुल्लू

1.स्व. चन्द्रसेन ठाकुर

गांव दशाल, जिला कुल्लू

2.श्री सुरेन्द्र खन्ना

गांव शमशी, जिला कुल्लू

3.श्री लाल चन्द

पुरानी मनाली, जिला कुल्लू

4.श्री टाम्बर सिंह

गांव जटेहड़, जिला कुल्लू

5.श्री शेर सिंह

गांव गजां, जिला कुल्लू

6.श्री जगदेव सिंह

गांव कन्याल, जिला कुल्लू

7.श्री होतम राम

गांव दशाल, जिला कुल्लू

8.श्री गोकल चन्द

गांव गोशाल, जिला कुल्लू

9.श्री लुदर चन्द ठाकुर

गांव छियाल, जिला कुल्लू

10.स्व. श्री मनी राम

गांव वडागों, जिला कुल्लू

11.स्व. श्री फूंचोग

गांव पनंगा, जिला कुल्लू

जिलाः मण्डी

1.श्री मुनेन्द्र पाल

गांव संथल, जिला मण्डी

2.श्री पूर्ण प्रकाश

मण्डी, जिला मण्डी

3.श्री हेमन्त राज वैद्य

मण्डी, जिला मण्डी

4.श्री रमेश बन्टा

जोगिन्द्रनगर, जिला मण्डी

5.स्व. श्री रोशन लाल बाली

सुन्दरनगर, जिला मण्डी

6.स्व. श्री देवकीनन्दन

मण्डी, जिला मण्डी

7.स्व. श्री गंगा सिंह ठाकुर

गांव चैक, जिला मण्डी

8.श्री बलबीर कुमार शर्मा

गांव तल्याहड़, जिला मण्डी

9.स्व. श्री पुष्पराज वैद्य

मण्डी, जिला मण्डी

जिलाः शिमला

1.श्री सुरेश भारद्वाज, माननीय शहरी विकास मंत्री हि.प्र.

गांव भमनोली, जिला शिमला

2.श्री राधा रमण शास्त्री

गांव गोटारी, जिला शिमला

3.स्व. श्री मदन गोपाल

शिमला, जिला शिमला

4.श्री भारत भूषण वैद

शिमला, जिला शिमला

5.श्री केशव श्रीधर

शिमला, जिला शिमला

6.आचार्य प्रियतोष उर्फ प्रियतोषानन्द अवधूत

शिमला, जिला शिमला

7.स्व. श्री मेघ राज शर्मा

गांव मल्याणा, जिला शिमला

8.स्व. श्री दौलत राम चैहान

शिमला, जिला शिमला

जिलाः सिरमौर

1.श्री कन्हैया लाल

गुन्नूघाट, जिला सिरमौर

2.स्व. जगत सिंह नेगी

शिलाई, जिला सिरमौर

जिलाः सोलन

1.श्री महेन्द्र नाथ सोफत

गांव आंजी, जिला सोलन

2.श्री आशनारायण सिंह

गांव शिल्ली, जिला सोलन

3.श्री राजेश कपूर

सपरून, जिला सोलन

4.श्री निहाल चन्द

सोलन, जिला सोलन

जिलाः ऊना

1.श्री प्रवीण शर्मा

अम्ब, जिला ऊना

2.श्री विजय सिंह

गांव लोअर वढेडा, जिला ऊना

3.श्री प्रेम चन्द हीर

गांव कलोह, जिला ऊना

4.स्व. श्री रक्षपाल सिंह

गांव लालसिंगी, जिला ऊना

अन्य राज्य

1.श्री कृष्ण चन्द आहूजा

ग्रेटर मोहाली, पंजाब

2.श्री प्रेम कुमार

पश्चिम विहार, नई दिल्ली

3.स्व. श्री बिशम्बर दत्त

होशियारपुर, पंजाब 

इस सूचि में पंजाब के केवल दो नाम शामिल किया गए हैं जबकि आपातकाल के खिलाफ लड़ने के मामले में भी पंजाब के लोग बहुत बड़ी संख्या में थे। देखना है उनके सम्मान की बात कब की जाती है और कौन करता है। 


पोस्ट स्क्रिप्ट: उन दिनों जनाब दुष्यंत कुमार की शायरी बहुत तेज़ी से लोकप्रिय होने लगी थी। उनकी शायरी में एक शेयर जो उन दिनों बहुत गुनगुनाया गया। आम बोलचाल में  पर भी इसका उल्लेख अक्सर होता था। वह शेयर था: 

अब तो इस तालाब का पानी बदल दो 

ये कँवल के फूल कुम्हलाने लगे हैं 

आपको यह पोस्ट कैसी लगी अवश्य बताएं। आपके विचारों की इंतज़ार भी रहेगी। 

medialink32@gmail.com

Tuesday, December 22, 2020

जीवन जीने की कला सिखाती है श्रीमद भगवद् गीता: मुख्यमंत्री जयराम ठाकुर

Tuesday: 22nd December 2020 at 4:26 AM 

  कुरुक्षेत्र में 5वें अंतरराष्ट्रीय गीता सेमिनार का किया शुभारंभ 

कुरुक्षेत्र: 22 दिसंबर 2020: (देवभूमि स्क्रीन ब्यूरो):: 

हम सभी ज़िंदगी में हर कदम पर कुरुक्षेत्र का वह युद्ध आता है जिसमें विजयी होने के लिए श्रीमद भगवद् का गीता उपदेश ही सहायक होता है। कुरुक्षेत्र का नियमित आयोजन हमें निरंतर इसका अहसास भी करता है। इसी भावना को दृढ़ बनाने के मकसद से मुख्यमंत्री श्री जयराम ठाकुर विशेष तौर पर कुरुक्षेत्र में पहुंचे। 

सेमिनार का उद्घाटन 

मुख्यमंत्री श्री जयराम ठाकुर जी ने आज कुरूक्षेत्र में कुरूक्षेत्र विकास बोर्ड द्वारा आयोजित 5वें अंतरराष्ट्रीय गीता सेमिनार का शुभारंभ भी किया। इस वर्ष आयोजित किए जा रहे तीन दिवसीय सेमिनार का विषय सतत अस्तित्व और श्रीमद्भगवद् गीता दर्शन है। हरियाणा सरकार द्वारा 17 से 25 दिसम्बर, 2020 तक अंतरराष्ट्रीय गीता महोत्सव के अवसर पर यह सेमिनार आयोजित किया जा रहा है।

कर्म के सिद्धांतों की शिक्षा देती है ‘‘गीता’’ 

मुख्यमंत्री श्री जयराम ठाकुर जी ने इस अवसर पर श्रीमद्भगवद् गीता के आध्यात्मिक ज्ञान के भंडार को संरक्षित करने और बढ़ावा देने पर बल दिया तथा युवा पीढ़ी को श्रीमद्भगवद् गीता की शिक्षाओं के महत्व से अवगत करवाने पर बल दिया। उन्होंने कहा कि गीता आध्यात्मिक शिक्षा का भंडार है, जो हमें धर्म के सिद्धांतों के अनुसार जीवन जीने की कला सिखाती है। यह हमें जीवन के व्यवहारिक पहलुओं से भी अवगत कराती है और यह वर्तमान समय में भी प्रासंगिक है। उन्होंने कहा कि यह हमें कर्म के सिद्धांतों की शिक्षा देती है और परिणामों की अपेक्षा किए बिना हमें कर्तव्य को महत्ता प्रदान करने के लिए प्रेरित करती है।

सेमिनार से ऑनलाइन जुड़े देश-विदेश के नागरिक

मुख्यमंत्री श्री जयराम ठाकुर जी ने कहा कि इस वर्ष ऑनलाइन माध्यम से सेमिनार आयोजित किया जा रहा है और भारत तथा विदेश के विभिन्न स्थानों से बड़ी संख्या में लोग वर्चुअली इस कार्यक्रम में जुड़ रहे हैं। उन्होंने इस प्रयास की सराहना की, क्योंकि यह युवा पीढ़ी को गीता के ज्ञान तक पहुंचाने में सक्षम बनाएगा। उन्होंने कहा कि यद्यपि कोविड-19 ने कई तरह की चुनौतियां खड़ी की हैं, फिर भी इसने तकनीक के माध्यम से परिवारों और लोगों को जोड़ा है। इसने विशेष रूप से गांवों के लोगों के पारिवारिक संबंधों को मजबूत किया है, क्योंकि देश के विभिन्न शहरों के साथ-साथ विदेशों से भी बहुत लोग वापस आ गए हैं।

ब्रह्म सरोवर में की विशेष पूजा-अर्चना

मुख्यमंत्री श्री जयराम ठाकुर जी ने भगवद्गीता के प्रचार के लिए हरियाणा सरकार को गीता जयंती के आयोजन पर बधाई दी। जो हर वर्ष एक मेगा इवेंट साबित हो रहा है। मुख्यमंत्री जी ने इस अवसर पर एक पुस्तक और स्मारिका का विमोचन भी किया। इससे पूर्व, मुख्यमंत्री ने ब्रह्म सरोवर में पूजा की और हवन में भाग लिया। इस अवसर पर हरियाणा के राज्यपाल श्री सत्यदेव नारायण आर्य जी का एक वीडियो संदेश भी प्रस्तुत किया गया। कुरूक्षेत्र विश्वविद्यालय के कुलपति श्री सोमनाथ सचदेव जी ने मुख्यमंत्री और अन्य गणमान्य व्यक्तियों का स्वागत किया। हरियाणा सरकार के शिक्षा मंत्री श्री कंवर पाल, आचार्य स्वामी ज्ञानानन्द जी, शंकराचार्य जी, लोकेश मुनी जी और डेविड ने इस अवसर पर अपने विचार प्रस्तुत किए और जीवन में गीता के महत्व के बारे में बताया। राज्यपाल की सचिव डाॅ. जी. अनुपमा ने इस आयोजन के सफलतापूर्वक आयोजित करने के लिए सरकार द्वारा किए गए प्रयासों के बारे में विस्तार से बताया।

Thursday, December 17, 2020

हिमाचल के पशोग गांव में "शी हाट" केन्द्र का लोकार्पण

 25 महिलाओं का स्वयं सहायता समूह चला रहा है यह परियोजना 

शिमला//सिरमौर: 17 दिसंबर 2020: (देवभूमि स्क्रीन ब्यूरो)::  

मुख्यमंत्री जी ने "शी हाट" केंद्र का किया शुभारंभ।  मुख्यमंत्री श्री जयराम ठाकुर जी ने आज शिमला से वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग द्वारा सिरमौर जिले के पच्छाद विधानसभा क्षेत्र के बाग पशोग गांव में 70 लाख रुपये की लागत से निर्मित  "शी हाट" केन्द्र का लोकार्पण किया। इस केंद्र में ग्रामीण हाट, स्थानीय दुकान, रेस्तरां, अतिथि कक्ष, कौशल विकास केन्द्र और वे साइट एमेनिटीस उपलब्ध हैं। 

यह परियोजना 25 महिलाओं के स्वयं सहायता समूह द्वारा चलायी जा रही है, ताकि वे पारंपरिक, प्राकृतिक, जैविक उत्पाद बेचकर स्वयं को स्वरोजगार के लिए सशक्त बना सकें और पहाड़ी भोजन भी परोसें तथा आगंतुकों होम स्टे की सुविधा प्रदान कर सकें। यह परियोजना पूरे देश में महिलाओं के लिए और महिलाओं द्वारा सभी को सेवाएं प्रदान करने की अनूठी परियोजना है। शी हाट में तीन शिफ्टों में काम करेगी महिलाएं। मुख्यमंत्री श्री जयराम ठाकुर जी ने कहा कि "शी हाट" में दो कमरों वाला अतिथि गृह, सौर ऊर्जा संयंत्र , वर्षा जल संग्रहण प्रणाली और अपशिष्ट कंपोस्टिंग, एक्यूप्रेशर ट्रैक और वायु शुद्ध करने वाले संयंत्र भी हैं। इस शी हाट में महिलाओं को अपने घरों से आने-जाने के लिए ई-वाहन की सुविधा भी है, इसका उपयोग प्राकृतिक झरने के पानी को लाने के लिए भी किया जाएगा। शी हाट में महिलाएं तीन शिफ्टों में काम करेगी। प्रदेश सरकार राज्य के अन्य हिस्सों में भी इस तरह के प्रयोग का विस्तार करने के लिए प्रतिबद्ध है , क्योंकि इससे प्रदेश की ग्रामीण महिलाओं को रोजगार के अवसर प्राप्त होंगे। शी  हाट  की एक झलक भी देखिये यहाँ अटैच वीडियो में:

उन्होंने कहा कि इससे न केवल राज्य की संस्कृति, खान-पान और परंपरा की झलक मिलेगी, बल्कि महिलाओं को भी आत्मनिर्भर बनाया जा सकेगा। शी हाट ग्रामीण महिलाओं को आजीविका अर्जित करने में मदद करेगा। मुख्यमंत्री श्री जयराम ठाकुर जी ने कहा कि पच्छाद क्षेत्र के लोगों ने उपचुनावों में अपना पूरा समर्थन दिया और भाजपा प्रत्याशी श्रीमती रीना कश्यप जी ने भारी अंतर से जीत हासिल की। उन्होंने राज्य के लोगों से पंचायती राज संस्थाओं के चुनावों में ईमानदार, मेहनती और समर्पित उम्मीदवारों का चुनाव करने का आग्रह किया , ताकि विकास की गति को ग्रास रूट स्तर पर बढ़ावा मिले । सांसद श्री सुरेश कश्यप् जी ने कहा कि "शी हाट" महिला सशक्तीकरण और उन्हें आर्थिक रूप से स्वतंत्र बनाने के लिए मुख्यमंत्री द्वारा शुरू की गई एक अभिनव योजना है। राज्य सरकार ने महिलाओं और समाज के अन्य कमजोर वर्गों का सशक्तिकरण सुनिश्चित करने के लिए अनेक योजनाएं शुरू की हैं। यह राज्य की भाजपा सरकार ही है जिसने पंचायती राज संस्थानों में महिलाओं के लिए 50 प्रतिशत आरक्षण का प्रावधान किया। पच्छाद की विधायक श्रीमती रीना कश्यप जी ने मुख्यमंत्री जी का स्वागत करते हुए कहा कि शी हाट ग्रामीण महिलाओं को आजीविका अर्जित करने में मदद करेगा। राज्य सरकार के वर्तमान कार्यकाल में पच्छाद क्षेत्र में अभूतपूर्व विकास हुआ है । भव्य "शी हाट" केंद्र की झलक देखने के लिए इस ऊपर दी गई वीडियो को देखने के लिए आप इस लिंक पर भी क्लिक कर सकते हैं। 

Saturday, October 31, 2020

सुंदरनगर विधानसभा क्षेत्र को दी 24.70 करोड़ की सौगातें

31st Oct 2020 at 3:25 AM

 मुख्यमंत्री जयराम ठाकुर ने विज्ञान प्रयोगशाला भवन का उद्घाटन भी  किया 


शिमला
//सुंदरनगर: 31 अक्टूबर 2020: (देवभूमि स्क्रीन ब्यूरो)::

मुख्यमंत्री श्री जयराम ठाकुर जी ने आज शिमला से वीडियो कांफ्रेंसिंग के माध्यम से मंडी जिला के सुन्दरनगर विधानसभा क्षेत्र के लिए 24.70 करोड़ रुपये की विभिन्न विकासात्मक परियोजनाओं के शिलान्यास और लोकार्पण किए। उन्होंने वरिष्ठ माध्यमिक पाठशाला निहरी में 1.15 करोड़ रुपये की लागत से निर्मित विज्ञान प्रयोगशाला भवन का उद्घाटन किया। उन्होंने प्रधानमंत्री ग्राम सड़क योजना के अन्तर्गत 13.73 करोड़ रुपये की लागत से निर्मित होने वाले करांगल-किंदर सड़क मार्ग की आधारशिला रखी, जिससे क्षेत्र की छह पंचायतों के लोग लाभान्वित होंगे। उन्होंने 7.94 करोड़ रुपये की लागत से बनने वाले आईटीआई भवन निहरी का शिलान्यास किया। इस संस्थान में इलैक्ट्रीशियन, टर्नर, पलम्बर, फैशन डिजाइन एवं तकनीकी और सूचना प्रौद्योगिकी के ट्रेड आरम्भ होंगे। उन्होंने निहरी में ही वन विश्राम गृह और मुख्यमंत्री लोक भवन की आधारशिलाएं भी रखीं।

विकास कार्यों के लिए आड़े नहीं आएगी धन की कमी

मुख्यमंत्री श्री जयराम ठाकुर जी ने शिमला से वर्चुअल रैली को संबोधित करते हुए कहा कि उन्होंने आज जिन विकासात्मक परियोजनाओं की आधारशिला रखी है उन्हें निर्धारित समय सीमा में पूरा किया जाएगा। इसके लिए धन की कमी आड़े नहीं आने दी जाएगी ताकि लोग विकास का लाभ उठा सकें। मुख्यमंत्री ने कहा कि सुन्दरनगर विधानसभा क्षेत्र में 500 करोड़ रुपये लागत की विकासात्मक परियोजनाएं क्रियान्वित की जा रही हैं, जिनमें जल शक्ति विभाग की 200 करोड़ रुपये की परियोजनाएं और लोक निर्माण विभाग की 100 करोड़ रुपये की परियोजनाएं शामिल हैं। उन्होंने कहा कि पूर्व सरकार के कार्यकाल के दौरान निहरी क्षेत्र के विकास की अनदेखी की गई। वर्तमान सरकार इस क्षेत्र के विकास को प्राथमिकता दे रही है। निहरी में आईटी भवन बनने से क्षेत्र के युवाओं को रोजगारपरक शिक्षा प्राप्त करने की सुविधा मिलेगी, जबकि मुख्यमंत्री लोक भवन से पंचायत समिति को आय के अतिरिक्त साधन सृजित होंगे।

विकास और खुशहाली की राह पर तेजी से आगे बढ़ रहा सुंदरनगर

मुख्यमंत्री श्री जयराम ठाकुर जी ने कहा कि सुन्दरनगर विधानसभा क्षेत्र विकास और खुशहाली की राह पर तेजी से आगे बढ़ रहा है। सीआरएफ के अन्तर्गत सलापड़ से तत्तापानी के बीच सड़क निर्माण के लिए 219 करोड़ रुपये आवंटित किए गए हैं और यह पहली बार है कि एक सड़क मार्ग के लिए इतनी अधिक धनराशि आवंटित की गई है।  मुख्यमंत्री ने कहा कि प्रधानमंत्री श्री नरेन्द्र मोदी जी ने पिछले लगभग तीन वर्षों में हिमाचल का चार बार दौरा किया है, जो इस प्रदेश और यहां के लोगों के प्रति उनके विशेष स्नेह को दर्शाता है। प्रधानमंत्री जी ने प्रदेश को 3300 करोड़ रुपये की अटल टनल रोहतांग समर्पित की, जिससे जनजातीय क्षेत्रों में विकास के नए युग का सूत्रपात होगा। उन्होंने जनता के कल्याण के लिए आरम्भ की गई प्रदेश सरकार की विभिन्न योजनाओं पर भी प्रकाश डाला।

कोरोना महामारी के प्रभाव को कम करने के लिए हिमाचल सरकार उठा रही प्रभावी कदम

मुख्यमंत्री श्री जयराम ठाकुर जी ने कहा कि प्रदेश सरकार राज्य में कोरोना महामारी के प्रभाव को कम करने के लिए विभिन्न कदम उठा रही है। सरकार के समक्ष सबसे पहला और महत्वपूर्ण कार्य इस वायरस के संक्रमण को फैलने से रोकना सुनिश्चित करना है। उन्होंने कहा कि स्थिति की निगरानी के लिए उन्होंने राज्य के उपायुक्तों, पुलिस अधीक्षकों और मुख्य चिकित्सा अधिकारियों के साथ 35 वीडियो कांफ्रेंस आयोजित की हैं। महामारी के संकट को कम करने के लिए जिला अधिकारियों को आवश्यक निर्देश दिए गए हैं। उन्होंने कहा कि पंचायती राज संस्थाओं के चुने हुए प्रतिनिधियों के साथ 14 वीडियो सम्मेलन भी आयोजित किए गए ताकि इस संकट से प्रभावी ढंग से निपटने के लिए लोगों को भागीदारी सुनिश्चित की जा सके।

विधायक ने जताया आभार

सांसद श्री राम स्वरूप शर्मा जी ने कहा कि  मुख्यमंत्री श्री जयराम ठाकुर जी के कुशल नेतृत्व में प्रदेश प्रगति और समृद्धि के पथ पर आगे बढ़ रहा है। उन्होंने लोगों के कल्याण के लिए केंद्र सरकार की विभिन्न विकासात्मक परियोजनाओं और कल्याणकारी योजनाओं की विस्तृत जानकारी दी। सुंदरनगर के विधायक श्री राकेश जम्वाल जी ने क्षेत्र के लिए करोड़ों रुपये की विकासात्मक परियोजनाओं के शिलान्यास करने के लिए मुख्यमंत्री जी का आभार व्यक्त किया। उन्होंने कहा कि प्रदेश सरकार का वर्तमान कार्यकाल राज्य के लोगों के लिए विशेष रूप से सुंदरनगर क्षेत्र के लोगों के लिए एक वरदान साबित हुआ है।


Thursday, September 24, 2020

अटल टन्नल तैयार; प्रधानमंत्री जी 3 अक्तूबर को करेंगे उद्घाटन

24th September 2020 at 2:59 AM

 मुख्यमंत्री जयराम ठाकुर ने लिया तैयारियों का जायजा 


लाहौल-स्पीति
: 24 सितंबर 2020: (देवभूमि स्क्रीन ब्यूरो)::

लाहौल स्पीति की महत्वपूर्ण परियोजना अटल टन्नल रोहतांग के उद्घाटन समारोह के लिए प्रधानमंत्री श्री नरेन्द्र मोदी जी के आगमन को लेकर आज मुख्यमंत्री श्री जयराम ठाकुर जी ने केलांग में अधिकारियों के साथ बैठक कर तैयारियों का जायजा लिया। इस दौरान मुख्यमंत्री ने कहा कि एक लम्बे इन्तजार के बाद लाहौल घाटी के लिए अटल टन्नल बनकर तैयार हुई है, जिसके उद्घाटन के लिए प्रधानमंत्री श्री नरेन्द्र मोदी जी 3 अक्तूबर, 2020 को लाहौल आएंगे। 

अटल टन्नल सामरिक दृष्टि से राष्ट्र की महत्वपूर्ण उपलब्धि

मुख्यमंत्री श्री जयराम ठाकुर जी ने कहा कि अटल टन्नल सामरिक दृष्टि से राष्ट्र की महत्वपूर्ण उपलब्धि है। इस सुरंग के बनने से लाहौल-स्पीति जिला के आर्थिक, सामाजिक जीवन में महत्वपूर्ण परिवर्तन आएगा। अटल टन्नल के निर्माण से कृषि, पर्यटन और बागवानी के क्षेत्र में व्यापक विकास योजनाएं आरम्भ की जाएंगी, जिनसे पूरे जिले की आर्थिकी सुदृढ़ होगी। अटल टन्नल बनने से पहले लाहौल घाटी लगभग छः माह तक आवाजाही के लिए बंद रहती थी परन्तु अब लाहौल घाटी के लोगों को वर्षभर आवागमन की सुविधा उपलब्ध हो सकेगी।

लाहौल के नागरिकों का सपना हुआ साकार

मुख्यमंत्री श्री जयराम ठाकुर जी ने कहा कि सुरंग के निर्माण से लाहौल के लोगों का वर्षों का सपना साकार हुआ है और पूरे क्षेत्र में विकास के प्रति नये उत्साह का संचार हुआ है। इस अवसर पर तकनीकी शिक्षा मंत्री श्री रामलाल मारकण्डा जी ने आयोजन से सम्बन्धित विस्तृत रूपरेखा पर चर्चा की। उन्होंने कहा कि वर्तमान सरकार के अथक प्रयासों से इस सुरंग का कार्य सम्पन हो पाया है। उन्होंने कहा कि कांग्रेस सरकार ने टन्नल की वन स्वीकृतियों के लिए गम्भीरता से कार्य नही किया। उन्होंने कहा कि कांग्रेस सरकार द्वारा जनजातीय क्षेत्रों के विकास कार्यों की अनदेखी की। इस अवसर पर मुख्य सचिव श्री अनिल खाची, पुलिस महानिदेशक श्री संजय कुण्डू भी उपस्थित थे।

अटल टन्नल रोहतांग से बदलेगी लाहौल घाटी की तस्वीर : मुख्यमंत्री

जिला लाहौल-स्पीति की तांदी पंचायत के कारगा गांव की जनता को सम्बोधित करते हुए मुख्यमंत्री श्री जयराम ठाकुर जी ने कहा कि यह पूर्व प्रधानमंत्री स्व. श्री अटल बिहारी वाजपेयी जी की दूरदर्शी सोच का परिणाम है कि आज लाहौल घाटी के विकास के रूपांतरण के लिए अटल टन्नल रोहतांग बनकर तैयार हो चुकी है। अटल टन्नल के आरम्भ होने से लाहौल घाटी में विकास और सुख समृद्धि का नया दौर आरम्भ होगा। अटल टन्नल जहां विकास की कड़ी है वहीं दुनिया के लिए तकनीक की भी मिसाल है। अटल टन्नल का सामरिक महत्व है और देश की सुरक्षा के लिए यह महत्वपूर्ण कड़ी है। उन्होंने कहा कि यह टन्नल लद्दाख क्षेत्र के लिए भी प्रवेश द्वार साबित होगी।

पर्यटन और कृषि गतिविधियों में होगा जबरदस्त प्रसार

मुख्यमंत्री श्री जयराम ठाकुर जी ने कहा कि टन्नल के उद्घाटन के लिए प्रधानमंत्री श्री नरेन्द्र मोदी जी 3 अक्तूबर को लाहौल आएंगे। उन्होंने कहा कि टन्नल के निर्माण से पर्यटन और कृषि गतिविधियों में जबरदस्त प्रसार होगा। उन्होंने कहा कि कोविड-19 के दृष्टिगत अति विश्ष्टि अतिथियों के प्रवास के दौरान कोविड-19 मापदंडों का विशेष ध्यान रखा जाएगा। तकनीकी शिक्षा एवं जनजातीय विकास मंत्री श्री रामलाल मारकण्डा जी ने कहा कि टन्नल का निर्माण एक ऐतिहासिक निर्णय है जिससे मनाली और लेह के बीच की दूरी कम होगी और जनजातीय क्षेत्र लाहौल-स्पीति के विकास में सहायक सिद्ध होगी। जनजातीय सलाहकार समिति के सदस्य शमशेर सिंह ने मुख्यमंत्री को मांगपत्र प्रस्तुत किया और क्षेत्र में पर्यटन और शीतकालीन खेलों को बढ़ावा देने का आग्रह किया।

मनाली में सुनी जनसमस्याएं

मुख्यमंत्री श्री जयराम ठाकुर जी ने केलांग के उपरांत मनाली प्रवास पर गए। मनाली स्थित सर्किट हाउस पहुंचने पर उन्होंने स्थानीय जनता की समस्याएं सुनी। मुख्यमंत्री जी ने मौके पर ही अधिकतर समाधान निकाले साथ ही शेष शिकायतों के निपटारे हेतु स्थानीय प्रशासन को निर्देश दिए। मुख्यमंत्री जी ने जनता से आग्रह किया मुख्यमंत्री सेवा संकल्प हेल्पलाइन 1100 का भी भरपूर लाभ उठाएं। इस सेवा के माध्यम से त्वरित जन समस्याओं का समाधान किया जा रहा है।

Friday, September 18, 2020

हिमाचल तेज़ी से मज़बूत आत्म निर्भरता की ओर

 Friday: 18th September 2020 at  5:04 AM

 अब महिला शक्ति केंद्र काउंटर पर भी बिकेंगे हिमाचली उत्पाद 


शिमला
: 17 सितंबर 2020: (हिमाचल सरकार विभाग//देवभूमि स्क्रीन):: 

हिमाचल प्रदेश को आत्म निर्भरता  में और मज़बूत करने से राज्य सरकार तेज़ी से बहुत से कदम उठा रही है रही है। मुख्यमंत्री श्री जयराम ठाकुर जी ने मुख्य डाक घर, शिमला में जो महिला शक्ति केन्द्र काउंटर का उद्घाटन किया है वह भी इसी दिशा उठाया गया कदम ही है। जल्द ही इसके परिणाम भी सामने आएंगे। इसके साथ ही महिलाओं की स्थिति भी और मज़बूत होगी। 

हिमाचल प्रदेश को आत्मनिर्भर बनाने की राह पर राज्य सरकार मजबूती के साथ सराहनीय कदम उठा रही है। इस ध्येय के साथ आज मुख्यमंत्री श्री जयराम ठाकुर जी ने प्रदेश ग्रामीण विभाग के राष्ट्रीय ग्रामीण आजीविका मिशन के अन्तर्गत महिला स्वयं सहायता समूह द्वारा तैयार किए उत्पादों को प्रदर्शित करने और बेचने के लिए शिमला स्थित मुख्य डाकघर में ‘‘महिला शक्ति केन्द्र काउंटर’’ का उद्घाटन किया। मुख्यमंत्री ने कहा कि प्रधानमंत्री श्री नरेंद्र मोदी जी द्वारा शुरू किया गया ‘‘आत्मनिर्भर भारत अभियान’’ कोविड-19 महामारी के दौरान देश और राज्य की अर्थव्यवस्था को स्थिर करने में महत्त्वपूर्ण भूमिका निभा रहा है। वहीं हिमाचल प्रदेश के ग्रामीण विकास विभाग ने इस दिशा में कई कदम उठाए हैं। ग्रामीण विकास विभाग के राज्य ग्रामीण आजीविका मिशन और भारतीय डाक विभाग के संयुक्त तत्त्वावधान में राज्य के मुख्य डाकघरों में महिला शक्ति केन्द्र शुरू करना, महिला सशक्तिकरण की दिशा में एक सराहनीय प्रयास है।

बिक्री के बाद स्वयं सहायता समूहों को हस्तांतरित होगी धनराशि

मुख्यमंत्री श्री जयराम ठाकुर जी ने कहा कि स्वयं सहायता समूहों द्वारा तैयार किए गए उत्पाद बिक्री के लिए इन काउंटरों पर उपलब्ध रहेंगे। हिमाचल प्रदेश राज्य ग्रामीण आजीविका मिशन के माध्यम से ग्रामीण विकास विभाग के अन्तर्गत गठित स्वयं सहायता समूह इन बिक्री काउंटर पर अपने उत्पाद बेच सकते हैं। उन्होंने कहा कि बिक्री के बाद धनराशि सीधे स्वयं सहायता समूहों को हस्तांतरित की जाएगी।

‘‘वोकल फाॅर लोकल’’ को वास्तविक रूप से साकार करेगा यह प्रयास 

मुख्यमंत्री श्री जयराम ठाकुर जी ने कहा कि यह न केवल महिलाओं की आर्थिकी को मजबूत करेगा बल्कि जनता के बीच स्थानीय उत्पादों को भी प्रोत्साहित करेगा और प्रधानमंत्री श्री नरेन्द्र मोदी जी के ‘‘वोकल फाॅर लोकल’’ को वास्तविक रूप से साकार करेगा जो आत्मनिर्भरता की दिशा में एक प्रयास है। उन्होंने कहा कि प्रदेश सरकार ने राज्य के पारंपरिक उत्पादों को बढ़ावा देने के लिए कई योजनाएं आरम्भ की हैं। यह न केवल महिलाओं को उनके घर-द्वार पर रोजगार के अवसर उपलब्ध करवाएगा, बल्कि उनकी सामाजिक आर्थिक स्थिति को भी सुदृढ़ करेगा।